PERCENTAGE – ANOTHER WAY OF COMPARING QUANTITIES
ఈ అధ్యాయం శాతాన్ని ఉపయోగించి పరిమాణాలను ఎలా పోల్చాలో వివరిస్తుంది. భిన్నాలు, దశాంశాలను శాతాలుగా మార్చడం మరియు శాతాలను భిన్నాలు లేదా దశాంశాలుగా మార్చడం నేర్చుకుంటారు. లాభం, నష్టం, వడ్డీ వంటి నిజ జీవిత పరిస్థితులలో శాతాల అనువర్తనాలను కూడా ఈ అధ్యాయం వివరిస్తుంది. ఇది విద్యార్థులకు గణిత భావనలను నిజ జీవిత సమస్యలకు అన్వయించడంలో సహాయపడుతుంది.
प्रतिशत का अर्थ
प्रतिशत (Per cent) लैटिन शब्द 'per centum' से लिया गया है जिसका अर्थ है 'प्रति सौ'।
- इसे '%' प्रतीक से दर्शाया जाता है।
- इसका अर्थ है सौ में से एक भाग या सौवां भाग।
- उदाहरण: 1% का अर्थ है 100 में से 1, जिसे \(1/100\) या \(0.01\) के रूप में लिखा जा सकता है।
तुलना का आधार:
- प्रतिशत का उपयोग विभिन्न मात्राओं की तुलना करने के लिए किया जाता है जब कुल मात्राएँ अलग-अलग होती हैं।
- उदाहरण: यदि अनीता को 400 में से 320 अंक मिले (80%) और रीता को 360 में से 300 अंक मिले (83.3%), तो रीता ने बेहतर प्रदर्शन किया है क्योंकि उसका प्रतिशत अधिक है।
प्रतिशत ज्ञात करने के तरीके:
- भिन्न को \(100/100\) से गुणा करना: भिन्न के मान को बदले बिना हर को 100 बनाना।
- उदाहरण: \(8/20 = (8/20) \times (100/100) = 40/100 = 40\%\)
- एकिक विधि (Unitary Method): यदि 20 में से 8 हैं, तो 100 में से कितने होंगे?
- उदाहरण: 20 में से 8 लाल मोती हैं। तो 100 में से \((8/20) \times 100 = 40\) लाल मोती होंगे। इसलिए, 40%।
महत्वपूर्ण:
- यदि हर को किसी पूर्ण संख्या से गुणा करके 100 बनाया जा सकता है, तो विधि 1 आसान है।
- एकिक विधि सभी अनुपातों के लिए काम करती है।
प्रतिशत (Per cent): 'प्रति सौ' या 'सौवां भाग'। इसे \(1/100\) के रूप में व्यक्त किया जाता है।
तुलना के लिए प्रतिशत का उपयोग तब किया जाता है जब कुल मात्राएँ समान न हों।
भिन्नों को प्रतिशत में बदलना
किसी भी भिन्न को प्रतिशत में बदलने के लिए, उसे \(100\%\) से गुणा करें।
- विधि: भिन्न \(\times 100\%\)
- उदाहरण 1: \(1/3\) को प्रतिशत में बदलें।
- \(1/3 = (1/3) \times 100\% = 100/3\% = 33 \frac{1}{3}\%\)
- उदाहरण 2: एक कक्षा में 25 बच्चों में से 15 लड़कियाँ हैं। लड़कियों का प्रतिशत क्या है?
- लड़कियों का भिन्न \(= 15/25\)
- लड़कियों का प्रतिशत \(= (15/25) \times 100\% = 3 \times 20\% = 60\%\)
महत्वपूर्ण अवलोकन:
- उचित भिन्नों (Proper fractions) से संबंधित प्रतिशत \(100\%\) से कम होते हैं। (अंश हर से छोटा होता है)
- अनुचित भिन्नों (Improper fractions) से संबंधित प्रतिशत \(100\%\) से अधिक होते हैं। (अंश हर से बड़ा होता है)
भिन्न को प्रतिशत में बदलने का सूत्र: प्रतिशत \(= \text{भिन्न} \times 100\%\)
दशमलव को प्रतिशत में बदलना
किसी भी दशमलव संख्या को प्रतिशत में बदलने के लिए, उसे \(100\%\) से गुणा करें।
- विधि: दशमलव संख्या \(\times 100\%\)
- उदाहरण 1: \(0.75\) को प्रतिशत में बदलें।
- \(0.75 = 0.75 \times 100\% = 75\%\)
- उदाहरण 2: \(0.09\) को प्रतिशत में बदलें।
- \(0.09 = 0.09 \times 100\% = 9\%\)
- उदाहरण 3: \(0.2\) को प्रतिशत में बदलें।
- \(0.2 = 0.2 \times 100\% = 20\%\)
सरल तरीका: दशमलव बिंदु को दो स्थान दाईं ओर ले जाएँ और प्रतिशत का चिह्न (%) लगाएँ।
दशमलव को प्रतिशत में बदलने का सूत्र: प्रतिशत \(= \text{दशमलव} \times 100\%\)
प्रतिशत को भिन्न या दशमलव में बदलना
प्रतिशत को भिन्न या दशमलव में बदलने के लिए, प्रतिशत चिह्न हटा दें और संख्या को 100 से भाग दें।
प्रतिशत को भिन्न में बदलना:
- विधि: प्रतिशत संख्या \(/ 100\) और फिर भिन्न को सरलतम रूप में लिखें।
- उदाहरण: \(25\% = 25/100 = 1/4\)
प्रतिशत को दशमलव में बदलना:
- विधि: प्रतिशत संख्या \(/ 100\)
- उदाहरण: \(25\% = 25/100 = 0.25\)
सारणी (Table T7.3 से प्रेरित): | प्रतिशत | भिन्न | दशमलव | |---|---|---| | 1% | \(1/100\) | 0.01 | | 10% | \(10/100 = 1/10\) | 0.10 | | 25% | \(25/100 = 1/4\) | 0.25 | | 50% | \(50/100 = 1/2\) | 0.50 | | 90% | \(90/100 = 9/10\) | 0.90 | | 125% | \(125/100 = 5/4\) | 1.25 | | 250% | \(250/100 = 5/2\) | 2.50 |
संपूर्ण का योग:
- एक संपूर्ण के सभी भागों का प्रतिशत हमेशा \(100\%\) होता है।
- यदि 30% छात्र लड़के हैं, तो \((100 - 30)\% = 70\%\) लड़कियाँ होंगी।
प्रतिशत को भिन्न/दशमलव में बदलने का सूत्र: भिन्न/दशमलव \(= \text{प्रतिशत संख्या} / 100\)
एक संपूर्ण के सभी भागों का प्रतिशत योग हमेशा \(100\%\) होता है।
प्रतिशत का उपयोग: 'कितने' में बदलना
किसी दी गई कुल मात्रा का एक निश्चित प्रतिशत ज्ञात करने के लिए, प्रतिशत को भिन्न या दशमलव में बदलकर कुल मात्रा से गुणा करें।
विधि:
- प्रतिशत को भिन्न में बदलें (जैसे \(25\% = 25/100\))
- इस भिन्न को कुल मात्रा से गुणा करें।
- उदाहरण 1: 40 बच्चों के एक सर्वेक्षण में, 25% फुटबॉल खेलना पसंद करते हैं। कितने बच्चे फुटबॉल खेलना पसंद करते हैं?
- \(25\%\) of \(40 = (25/100) \times 40 = (1/4) \times 40 = 10\) बच्चे।
- उदाहरण 2: राहुल ने एक स्वेटर खरीदा और 25% की छूट मिलने पर ₹200 बचाए। छूट से पहले स्वेटर की कीमत क्या थी?
- माना मूल कीमत \(P\) है।
- \(25\%\) of \(P = 200\)
- \((25/100) \times P = 200\)
- \(P/4 = 200\)
- \(P = 200 \times 4 = ₹800\)
सारांश:
- एक संख्या का प्रतिशत ज्ञात करना: \(X\%\) of \(Y = (X/100) \times Y\)
- वह संख्या ज्ञात करना जिसका \(X\%\) एक दी गई संख्या \(Z\) है: \(Z = (X/100) \times \text{संख्या}\) \(\implies \text{संख्या} = (Z \times 100) / X\)
'कितने' ज्ञात करने का सूत्र: मात्रा \(= (\text{प्रतिशत} / 100) \times \text{कुल मात्रा}\)
ऐसे प्रश्नों को हल करते समय, सुनिश्चित करें कि आप 'किसका' प्रतिशत ज्ञात कर रहे हैं (कुल मात्रा या मूल मात्रा)।
अनुपात को प्रतिशत में बदलना
जब मात्राएँ अनुपात में दी जाती हैं, तो उन्हें प्रतिशत में बदलने के लिए, पहले प्रत्येक भाग को कुल भागों के भिन्न के रूप में व्यक्त करें, फिर उसे प्रतिशत में बदलें।
विधि:
- अनुपात के सभी भागों का योग ज्ञात करें।
- प्रत्येक भाग को कुल योग के भिन्न के रूप में लिखें।
- प्रत्येक भिन्न को \(100\%\) से गुणा करके प्रतिशत में बदलें।
- उदाहरण 1: इडली बनाने के लिए, 2 भाग चावल और 1 भाग उड़द दाल की आवश्यकता होती है। चावल और उड़द दाल का प्रतिशत क्या है?
- अनुपात: चावल : उड़द दाल \(= 2 : 1\)
- कुल भाग \(= 2 + 1 = 3\)
- चावल का भिन्न \(= 2/3\)
- चावल का प्रतिशत \(= (2/3) \times 100\% = 200/3\% = 66 \frac{2}{3}\%\)
- उड़द दाल का भिन्न \(= 1/3\)
- उड़द दाल का प्रतिशत \(= (1/3) \times 100\% = 100/3\% = 33 \frac{1}{3}\%\)
- उदाहरण 2: ₹250 को रवि, राजू और रॉय के बीच \(2 : 3 : 5\) के अनुपात में बांटा गया। प्रत्येक को कितना मिलेगा और यह प्रतिशत में कितना होगा?
- कुल भाग \(= 2 + 3 + 5 = 10\)
- रवि: \((2/10) \times 250 = ₹50\) (प्रतिशत: \((2/10) \times 100\% = 20\%\))
- राजू: \((3/10) \times 250 = ₹75\) (प्रतिशत: \((3/10) \times 100\% = 30\%\))
- रॉय: \((5/10) \times 250 = ₹125\) (प्रतिशत: \((5/10) \times 100\% = 50\%\))
अनुपात को प्रतिशत में बदलते समय, हमेशा कुल भागों के सापेक्ष प्रत्येक भाग का प्रतिशत ज्ञात करें।
प्रतिशत के रूप में वृद्धि या कमी
किसी मात्रा में वृद्धि या कमी को प्रतिशत के रूप में व्यक्त करने के लिए, परिवर्तन की मात्रा को मूल मात्रा से भाग दें और फिर \(100\%\) से गुणा करें।
सूत्र:
- प्रतिशत वृद्धि \(= (\text{परिवर्तन की मात्रा} / \text{मूल मात्रा}) \times 100\%\)
- प्रतिशत कमी \(= (\text{परिवर्तन की मात्रा} / \text{मूल मात्रा}) \times 100\%\)
- उदाहरण 1 (प्रतिशत वृद्धि): एक स्कूल टीम ने पिछले साल 4 गेम जीते थे और इस साल 6 गेम जीते। प्रतिशत वृद्धि क्या है?
- जीत में वृद्धि \(= 6 - 4 = 2\)
- मूल जीत \(= 4\)
- प्रतिशत वृद्धि \(= (2/4) \times 100\% = 50\%\)
- उदाहरण 2 (प्रतिशत कमी): एक देश में निरक्षर व्यक्तियों की संख्या 150 लाख से घटकर 100 लाख हो गई। प्रतिशत कमी क्या है?
- निरक्षर व्यक्तियों में कमी \(= 150 - 100 = 50\) लाख
- मूल संख्या \(= 150\) लाख
- प्रतिशत कमी \(= (50/150) \times 100\% = (1/3) \times 100\% = 33 \frac{1}{3}\%\)
महत्वपूर्ण: हमेशा परिवर्तन की गणना मूल मात्रा के सापेक्ष की जाती है।
प्रतिशत वृद्धि/कमी सूत्र: प्रतिशत परिवर्तन \(= (\text{परिवर्तन की मात्रा} / \text{मूल मात्रा}) \times 100\%\)
छात्र अक्सर परिवर्तन की गणना अंतिम मात्रा के सापेक्ष कर देते हैं, जो गलत है। हमेशा मूल मात्रा का उपयोग करें।
क्रय मूल्य, विक्रय मूल्य, लाभ और हानि
क्रय मूल्य (Cost Price - CP): वह मूल्य जिस पर कोई वस्तु खरीदी जाती है। विक्रय मूल्य (Selling Price - SP): वह मूल्य जिस पर कोई वस्तु बेची जाती है।
लाभ (Profit): जब विक्रय मूल्य क्रय मूल्य से अधिक होता है।
- लाभ \(= SP - CP\) (यदि \(SP > CP\))
हानि (Loss): जब क्रय मूल्य विक्रय मूल्य से अधिक होता है।
- हानि \(= CP - SP\) (यदि \(CP > SP\))
न लाभ न हानि: जब विक्रय मूल्य क्रय मूल्य के बराबर होता है।
- \(SP = CP\)
उदाहरण:
- एक खिलौना ₹72 में खरीदा गया और ₹80 में बेचा गया।
- \(CP = ₹72\), \(SP = ₹80\)
- यहाँ \(SP > CP\), इसलिए लाभ हुआ।
- लाभ \(= SP - CP = ₹80 - ₹72 = ₹8\)
- एक टी-शर्ट ₹120 में खरीदी गई और ₹100 में बेची गई।
- \(CP = ₹120\), \(SP = ₹100\)
- यहाँ \(CP > SP\), इसलिए हानि हुई।
- हानि \(= CP - SP = ₹120 - ₹100 = ₹20\)
क्रय मूल्य (CP): खरीदने का मूल्य। विक्रय मूल्य (SP): बेचने का मूल्य। लाभ: \(SP > CP\) हानि: \(CP > SP\)
लाभ या हानि प्रतिशत
लाभ या हानि को प्रतिशत के रूप में व्यक्त किया जा सकता है। इसे हमेशा क्रय मूल्य (CP) पर गणना किया जाता है।
सूत्र:
- लाभ प्रतिशत \(= (\text{लाभ} / CP) \times 100\%\)
- हानि प्रतिशत \(= (\text{हानि} / CP) \times 100\%\)
- उदाहरण 1 (लाभ प्रतिशत): एक खिलौना ₹72 में खरीदा गया और ₹80 में बेचा गया। लाभ प्रतिशत ज्ञात करें।
- \(CP = ₹72\), \(SP = ₹80\)
- लाभ \(= ₹80 - ₹72 = ₹8\)
- लाभ प्रतिशत \(= (8/72) \times 100\% = (1/9) \times 100\% = 11 \frac{1}{9}\%\)
- उदाहरण 2 (हानि प्रतिशत): एक टी-शर्ट ₹120 में खरीदी गई और ₹100 में बेची गई। हानि प्रतिशत ज्ञात करें।
- \(CP = ₹120\), \(SP = ₹100\)
- हानि \(= ₹120 - ₹100 = ₹20\)
- हानि प्रतिशत \(= (20/120) \times 100\% = (1/6) \times 100\% = 16 \frac{2}{3}\%\)
जब CP, SP, लाभ/हानि या उनका प्रतिशत दिया गया हो, तो अन्य ज्ञात करना:
- उदाहरण 3: एक फूलदान का क्रय मूल्य ₹120 है। यदि दुकानदार इसे 10% की हानि पर बेचता है, तो विक्रय मूल्य ज्ञात करें।
- विधि 1 (प्रतिशत से):
- 10% हानि का अर्थ है, यदि \(CP = ₹100\), तो हानि \(= ₹10\), \(SP = ₹90\)
- यदि \(CP = ₹120\), तो \(SP = (90/100) \times 120 = ₹108\)
- विधि 2 (हानि की गणना करके):
- हानि \(= 10\%\) of \(CP = (10/100) \times 120 = ₹12\)
- \(SP = CP - \text{हानि} = ₹120 - ₹12 = ₹108\)
- उदाहरण 4: एक खिलौना कार का विक्रय मूल्य ₹540 है। यदि दुकानदार को 20% लाभ हुआ, तो क्रय मूल्य क्या था?
- विधि 1 (प्रतिशत से):
- 20% लाभ का अर्थ है, यदि \(CP = ₹100\), तो लाभ \(= ₹20\), \(SP = ₹120\)
- यदि \(SP = ₹540\), तो \(CP = (100/120) \times 540 = ₹450\)
- विधि 2 (समीकरण बनाकर):
- \(SP = CP + \text{लाभ}\)
- \(540 = CP + 20\%\) of \(CP\)
- \(540 = CP + (20/100)CP = CP + (1/5)CP = (6/5)CP\)
- \(CP = (5/6) \times 540 = ₹450\)
लाभ/हानि प्रतिशत सूत्र: लाभ प्रतिशत \(= (\text{लाभ} / CP) \times 100\%\) हानि प्रतिशत \(= (\text{हानि} / CP) \times 100\%\)
लाभ या हानि प्रतिशत की गणना हमेशा क्रय मूल्य (CP) पर की जाती है, न कि विक्रय मूल्य पर।
साधारण ब्याज
मूलधन (Principal - P): उधार ली गई या निवेश की गई राशि। ब्याज (Interest - I): मूलधन को एक निश्चित अवधि के लिए उपयोग करने के लिए चुकाया गया अतिरिक्त पैसा। दर (Rate - R): प्रति वर्ष प्रति सौ रुपये पर लगने वाला ब्याज (प्रतिशत में)। इसे p.a. (per annum) से दर्शाया जाता है। समय (Time - T): वह अवधि जिसके लिए पैसा उधार लिया गया या निवेश किया गया। राशि (Amount - A): मूलधन और ब्याज का योग। \(A = P + I\)
साधारण ब्याज की गणना: साधारण ब्याज वह ब्याज है जिसकी गणना केवल मूलधन पर की जाती है। मूलधन समय के साथ नहीं बदलता है।
एक वर्ष के लिए ब्याज:
- यदि \(P\) मूलधन है और \(R\%\) प्रति वर्ष की दर है, तो एक वर्ष के लिए ब्याज \(= (P \times R) / 100\)
\(T\) वर्षों के लिए ब्याज:
- साधारण ब्याज (I) \(= (P \times R \times T) / 100\)
- कुल राशि (A) \(= P + I\)
- उदाहरण 1: अनीता ₹5,000 का ऋण 15% प्रति वर्ष की ब्याज दर पर लेती है। उसे एक वर्ष के अंत में कितना ब्याज चुकाना होगा?
- \(P = ₹5,000\), \(R = 15\%\), \(T = 1\) वर्ष
- \(I = (5000 \times 15 \times 1) / 100 = ₹750\)
- कुल राशि \(= 5000 + 750 = ₹5,750\)
- उदाहरण 2: यदि मनोहर ₹4,500 की राशि पर 2 वर्षों के लिए ₹750 का ब्याज चुकाता है, तो ब्याज दर ज्ञात करें।
- \(I = ₹750\), \(P = ₹4,500\), \(T = 2\) वर्ष
- \(I = (P \times R \times T) / 100\)
- \(750 = (4500 \times R \times 2) / 100\)
- \(750 = 90 \times R\)
- \(R = 750 / 90 = 25/3\% = 8 \frac{1}{3}\%\)
महत्वपूर्ण: साधारण ब्याज में, प्रत्येक वर्ष के लिए ब्याज की गणना हमेशा प्रारंभिक मूलधन पर की जाती है।
साधारण ब्याज सूत्र: \(I = (P \times R \times T) / 100\) \(A = P + I\) जहाँ, \(I\) = ब्याज, \(P\) = मूलधन, \(R\) = दर (प्रतिशत में), \(T\) = समय (वर्षों में), \(A\) = राशि।
साधारण ब्याज में, मूलधन हमेशा स्थिर रहता है, और ब्याज की गणना हमेशा उसी मूलधन पर की जाती है।